उत्तराखण्ड: सिर्फ आंकड़े संजोए रखने की भूमिका रह गई है सेवायोजन विभाग की, प्रदेश में आज की तिथि में 8.07 लाख बेरोजगार हैं दर्ज! मोर्चा

Please Share
विकासनगर: जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहा कि सरकार की उदासीनता के चलते प्रदेश का सेवायोजन विभाग आज की तारीख में सिर्फ बेरोजगारों के आंकड़े संजोए रखने व रोजगार मेला नामक नौटंकी करने भर के लिए रह गया है।
नेगी ने कहा कि प्रदेश में वर्ष 2020-21 तक पंजीकृत बेरोजगारों की संख्या 8.07 लाख थी तथा इसी प्रकार वर्ष 2019-20 में 7.78 लाख, 2018-19 में 8.03 लाख तथा वर्ष 2017-18 में 8.57 लाख थी। विगत कुछ वर्षों से बेरोजगार युवाओं को रोजगार के नाम पर रोजगार मेला नामक नौटंकी कर बेरोजगारों से छल किया जा रहा है। नेगी ने कहा कि सेवायोजन विभाग की भूमिका का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आउटसोर्स के माध्यम से दी जाने वाली नौकरियों में आउटसोर्स एजेंसियां भी इस विभाग से संबंधित पद के योग्य अभ्यर्थी के नाम तक नहीं मांगती, यानी सरकारों द्वारा एक तरह से इस विभाग को ठिकाने लगाया गया है!
नेगी ने कहा कि पूर्वर्ती समय में किसी पद के सापेक्ष मुख्य नियोक्ता विभाग द्वारा अधियाचन से संबंधित योग्य अभ्यर्थियों के नामों की मांग की जाती रही है, लेकिन सांठगांठ के चलते सारी व्यवस्थाएं धराशाई हो गई हैं। मोर्चे की पत्रकार वार्ता में ओ.पी. राणा व नारायण सिंह चौहान आदि मजूद रहे।

क्लिक करें ⬇️

सम्बंधित दस्तावेज़

admin

Passionate about independent journalism and committed to delivering timely, accurate news to our readers. As the driving force behind Hindi News Bharat, I focus on bringing important regional and national stories to light, ensuring that truthful reporting remains at the forefront of digital media.

You May Also Like